नियम विरुद्ध बोतल व कैन में भरकर दिया जा रहा पेट्रोल।
जिले के पेट्रोल पंप पर किया जा रहा खुलेआम नियमों का उल्लंघन। पाबंदी के बावजूद बोतल में भरकर दे रहे पेट्रोल।
प्रशासन के नियमों का नही दिख रहा कोई असर , हवा हवाई हुए आदेश।
पेट्रोल-डीजल की कीमतों में 3 रुपए से ज्यादा की हुई बढ़ोतरी बढ़ती महगाई के चलते आम आदमी की जेब पर पड़ा एक्स्ट्रा खर्च का दबाव ,

बड़वानी:-ईरान और अमेरिका के बीच चल रही जंग का असर अब सीधे भारत पर पड़ते हुए नजर आ रहा है. सुबह-सुबह भारतीयों की जेब पर बड़ा झटका लगा है. दरअसल पेट्रोल और डीजल के दाम में हुई बढ़ोतरी के चलते पेट्रोल और डीजल में तीन-तीन रुपए की उछाल का इजाफा सीधे देखने को मिला है
तो वही दूसरी ओर 
 पम्प संचालको को बोतल व केन में पेट्रोल डीजल नही देने पर प्रशासन द्वारा रोक लगाई गई है लेकिन ऐसे में प्रशासन के नियम के पालन के बजाय पम्प संचालक खुलेआम नियमों की  धज्जियां उड़ाते हुए बोतल में पेट्रोल दे रहे हैं 
हॉलाकि पेट्रोल पंप पर बिना किसी वाहन के बोतल या कैन में पेट्रोल देना गैरकानूनी माना जाता है। लेकिन ऐसे में शासन के निर्देश पर सख्ती से नियम कानून लागू होने के बावजूद भी जिले के पम्प पर बोतल में पेट्रोल भरकर देने का मामला सामने आया है। जो खुलेआम शासन के नियमों की अनदेखी मानी जा रही है।
देशभर में आज से पेट्रोल और डीजल के दामों में करीब 3 रुपए प्रति लीटर की बढ़ोतरी पश्चिम एशिया में जारी तनाव और कच्चे तेल की बढ़ती अंतरराष्ट्रीय कीमतों के बीच की गई है। 
हॉलाकि की डीजल पेट्रोल की नई दरों के बाद शुक्रवार को बड़वानी के राजघाट रोड स्थित पम्प सहित अंजड नाका पम्पों पर पूर्व की भांति मिंलने वाले  साधारण पेट्रोल का भाव
एक दिन पूर्व  108.10 रुपए प्रति लीटर तो डीजल 93.34 रुपए प्रति लीटर की कीमत पर बिक रहा था तो वही पॉवर पेट्रोल के दाम117.32 रुपए प्रति लीटर था।
लेकिन ऐसे में नई दरों के चलते पेट्रोल 111.29 रुपए प्रति लीटर और डीजल का 96.43 रुपए प्रति लीटर बिकने लगा तो वही पावर पैट्रोल 120.60 रुपए प्रति लीटर कीमत तक पहुंच गया  यानी कि सीधे सीधे 3 रुपये से  अधिक का भार आमजन की जेब पर पड़ गया है
विशेषज्ञों का कहना है कि इस बढ़ोतरी का असर परिवहन, खाद्य सामग्री और रोजमर्रा की वस्तुओं की कीमतों पर भी पड़ सकता है, जिससे महंगाई बढ़ने की ओर आशंका बाद सकती है है। हॉलाकि ईंधन कीमतों में हुई इस बढ़ोतरी का असर परिवहन खर्च और रोजमर्रा की वस्तुओं पर भी पड़ने की संभावना जताई गई है । ऐसे में वाहन चालक और आम नागरिकों का भी कहना है कि लगातार बढ़ती महंगाई के बीच पेट्रोल-डीजल के बढ़े दाम से घरेलू बजट पर सीधा असर पड़ेगा