भोपाल स्थित मध्यप्रदेश विधानसभा भवन (फाइल फोटो) फोटो साभार Wikimedia Commons / Suyash Dwivedi, CC BY-SA 4.0

मध्यप्रदेश मंत्रि-परिषद ने मंगलवार, 27 अक्टूबर 2026 को ₹8,225 करोड़ से ज्यादा के प्रस्तावों को मंजूरी दी। बैठक मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई।

सबसे बड़ी राशि सिंचाई के लिए मंजूर हुई है। छिंदवाड़ा, सिवनी, मुरैना, सागर और दमोह जिलों की 4 सिंचाई परियोजनाओं के लिए ₹3,378.69 करोड़ स्वीकृत किए गए। इसके अलावा वन विकास, स्वास्थ्य, दिव्यांगजन कल्याण, आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ और नए जिलों के शिक्षा दफ्तरों से जुड़े फैसले भी हुए।

मंत्रि-परिषद के फैसलों को 3 हिस्सों में समझिए…

बैठक की 3 बड़ी बातें

  • किसानों के लिए, 4 सिंचाई परियोजनाओं को 2026-27 से 2030-31 तक लगातार चलाने की मंजूरी
  • जंगलों के लिए, कैंपा फंड से 2026-27 की कार्ययोजना के लिए ₹2,050.03 करोड़
  • प्रशासन के लिए, 4 नए जिलों में जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय और EOW के लिए बजट

ग्राफिक से समझिए, किस काम के लिए कितनी राशि मंजूर हुई…

27 अक्टूबर 2026 की मंत्रि-परिषद बैठक में मंजूर प्रमुख प्रस्ताव
27 अक्टूबर 2026 की मंत्रि-परिषद बैठक में मंजूर प्रमुख प्रस्ताव

छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्प्लेक्स को ₹2,611 करोड़

छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्प्लेक्स के लिए ₹2,611.13 करोड़ मंजूर हुए हैं। इस परियोजना में ड्रिप और स्प्रिंकलर जैसी सूक्ष्म सिंचाई पद्धति से 1 लाख 90 हजार 500 हेक्टेयर में पानी पहुंचाने का लक्ष्य है।

छिंदवाड़ा और सिवनी जिलों से जुड़ी पेंच व्यपवर्तन वृहद परियोजना को जारी रखने के लिए ₹197 करोड़ स्वीकृत किए गए हैं। मुरैना जिले की चेंटीखेड़ा वृहद सिंचाई परियोजना के लिए ₹531.15 करोड़ मंजूर हुए, जिससे 15 हजार 300 हेक्टेयर में सिंचाई का लक्ष्य है।

सागर और दमोह जिलों के पंचमनगर सिंचाई कॉम्प्लेक्स के लिए ₹39.41 करोड़ स्वीकृत हुए हैं। यहां पगरा बांध और पंचमनगर बैराज बन चुके हैं। अब पाइप प्रणाली से 25 हजार हेक्टेयर में सिंचाई की योजना है।

परियोजनाजिलेराशि
छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्प्लेक्सछिंदवाड़ा₹2,611.13 करोड़
चेंटीखेड़ा वृहद परियोजनामुरैना₹531.15 करोड़
पेंच व्यपवर्तन वृहद परियोजनाछिंदवाड़ा, सिवनी₹197 करोड़
पंचमनगर सिंचाई कॉम्प्लेक्ससागर, दमोह₹39.41 करोड़
भोपाल स्थित वल्लभ भवन, यहीं मंत्रालय है (फाइल फोटो)
भोपाल स्थित वल्लभ भवन, यहीं मंत्रालय है (फाइल फोटो) फोटो साभार Wikimedia Commons / Vivek Sarje, CC BY-SA 4.0

कैंपा फंड से पौधरोपण और नगर वन

प्रतिकरात्मक वनरोपण निधि प्रबंधन और योजना प्राधिकरण यानी कैंपा फंड से वर्ष 2026-27 की वार्षिक कार्ययोजना के लिए ₹2,050.03 करोड़ मंजूर हुए हैं। यह राशि वन भूमि के दूसरे कामों में उपयोग के बदले मिली NPV और क्षतिपूर्ति राशि से आती है।

इस राशि से क्षतिपूर्ति वनरोपण, बिगड़े वनों का सुधार, नदियों के जलग्रहण क्षेत्र में पौधरोपण, मिट्टी और जल संरक्षण, ग्रामीण आजीविका के लिए बांस रोपण, वन्यप्राणी रहवास विकास और शहरों में नगर वन जैसे काम होंगे।

स्वास्थ्य को ₹1,743 करोड़, दिव्यांगजन कल्याण को ₹651 करोड़

लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग की योजनाओं को 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक जारी रखने के लिए ₹1,743.58 करोड़ स्वीकृत हुए हैं।

सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन कल्याण विभाग की योजनाओं के लिए ₹651.25 करोड़ मंजूर हुए हैं। इनमें दृष्टि और श्रवण बाधित विद्यालयों के वेतन भत्तों के लिए ₹152.37 करोड़, कलापथक योजना के लिए ₹45 करोड़, इंदौर के स्वावलंबन केंद्र के लिए ₹2.29 करोड़ और राज्य सामान्य वर्ग कल्याण आयोग के लिए ₹6 करोड़ शामिल हैं।

4 नए जिलों में खुलेंगे जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय

निवाड़ी, मऊगंज, पांढुर्णा और मैहर जिलों में जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के लिए ₹16.80 करोड़ मंजूर हुए हैं। हर कार्यालय में 17 नियमित पद यानी कुल 68 पद बनेंगे। साथ ही हर जिले में 8 यानी कुल 32 कर्मचारी आउटसोर्स से रखे जाएंगे।

आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ यानी EOW के लिए 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक ₹345.52 करोड़ स्वीकृत हुए हैं। इसमें प्रशासनिक भवन के लिए ₹11 करोड़ भी शामिल हैं। विधि एवं विधायी कार्य विभाग को परिसंपत्तियों के संधारण के लिए ₹40 करोड़ मिले हैं।

खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के एक प्रस्ताव पर भी फैसला हुआ। रबी विपणन वर्ष 2020-21 के चमकविहीन गेहूं की मध्यप्रदेश स्टेट सिविल सप्लाइज कॉर्पोरेशन के जरिए टेंडर से बिक्री को कार्योत्तर मंजूरी दी गई।

दिसंबर में सरकार के 3 साल, चिंतन शिविर की तैयारी

डॉ. मोहन यादव ने 13 दिसंबर 2023 को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। यानी दिसंबर 2026 में मौजूदा सरकार के 3 साल पूरे होंगे।

इस मौके पर मंत्रियों और विधायकों के साथ चिंतन शिविर की तैयारी की जानकारी सामने आई है। इसमें सरकार के 3 साल के कामकाज की समीक्षा और आगे की कार्ययोजना पर चर्चा होनी है। कुछ रिपोर्टों में शिविर की तारीख 21 और 22 दिसंबर बताई गई है, लेकिन राज्य सरकार ने अभी तारीख और जगह की आधिकारिक घोषणा नहीं की है।

आगे क्या होगा

मंजूरी के बाद संबंधित विभाग इन योजनाओं और परियोजनाओं के लिए बजट जारी करने और काम आगे बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू करेंगे। सिंचाई परियोजनाओं की राशि 2026-27 से 2030-31 तक की अवधि के लिए है। चिंतन शिविर की तारीख तय होने पर StateNews इसकी जानकारी देगा।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

MP कैबिनेट ने 27 अक्टूबर 2026 को कितनी राशि के प्रस्ताव मंजूर किए?

मंत्रि-परिषद ने ₹8,225 करोड़ से ज्यादा के प्रस्तावों को मंजूरी दी।

किन जिलों की सिंचाई परियोजनाओं को राशि मिली?

छिंदवाड़ा, सिवनी, मुरैना, सागर और दमोह जिलों की 4 परियोजनाओं को कुल ₹3,378.69 करोड़ मिले।

किन नए जिलों में जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय बनेंगे?

निवाड़ी, मऊगंज, पांढुर्णा और मैहर में, कुल 68 नियमित पदों के साथ।

मोहन यादव सरकार के 3 साल कब पूरे होंगे?

डॉ. मोहन यादव ने 13 दिसंबर 2023 को शपथ ली थी, इसलिए 13 दिसंबर 2026 को सरकार के 3 साल पूरे होंगे।

स्रोत जनसंपर्क विभाग मध्यप्रदेश