जिला चिकित्सालय की नई बिल्डिंग चालू पर ओपीडी फिर पुरानी बिल्डिंग में, व्यवस्थाएं नहीं हो पा रही सुचारू

गुना: करोड़ों रुपये की लागत से जिला चिकित्सालय में तैयार की गई क्रिटिकल यूनिट में मरीजों के उपचार के लिए शुरू किए गए ट्रायल रन को केवल तीन दिन बाद ही रोकना पड़ा है। चौथे दिन ठेकेदार ने 72 लाख रुपये के बकाया भुगतान के चलते बिल्डिंग के मुख्य द्वार पर ताला डाल दिया, जिससे यह स्थिति उत्पन्न हुई।

जिला चिकित्सालय परिसर में पुरानी टीबी बिल्डिंग को ढहाकर तैयार की गई इस नई क्रिटिकल यूनिट को सोमवार को ही मरीजों के लिए खोला गया था। लेकिन, बकाया भुगतान की वजह से ठेकेदार की नाराजगी ने इसे बाधित कर दिया।

अस्पताल प्रबंधन ने तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए पुरानी बिल्डिंग में मरीजों के उपचार की व्यवस्थाएं फिर से शुरू की, लेकिन इसमें काफी समय लगा, जिससे मरीजों को असुविधा हुई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, निर्माण एजेंसी का 72 लाख रुपये का भुगतान अभी तक नहीं किया गया है, जिसके कारण यह स्थिति पैदा हुई। हालांकि, अस्पताल प्रबंधन ने इस मामले पर टिप्पणी करने से इंकार कर दिया।

सीएमएचओ डॉ. राजकुमार ऋषिश्वर ने बताया कि ट्रायल रन के दौरान प्राप्त सुझावों के अनुसार संशोधन किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि ठेकेदार के पैसे का मामला नहीं है, और बीडीसी ने हस्तांतरण का प्रपत्र पहले ही दे दिया है।

अस्पताल प्रशासन को इस स्थिति से निपटने के लिए भविष्य में बेहतर योजना की आवश्यकता है ताकि ऐसी घटनाओं से मरीजों को कोई असुविधा न हो।