गुना पुलिस की संवेदनशील पहल: भटकी बालिका को परिजनों से मिलाया

गुना: गुना पुलिस अधीक्षक के प्रभावी और संवेदनशील नेतृत्व में पुलिस ने एक महत्वपूर्ण मानवीय कार्य करते हुए एक नाबालिग बालिका को उसके घरवालों से मिलाया। यह पहल पुलिस की आमजन की सुरक्षा और सहायता के प्रति जिम्मेदारी को दर्शाती है।

घटना का विवरण: एक नाबालिग बालिका घर से चिप्स-कुरकुरे लेने निकली थी, लेकिन रास्ता भटक जाने के कारण वह लावारिस स्थिति में कोतवाली पुलिस को मिली। पुलिस ने बालिका से उसके नाम और माता-पिता के बारे में जानकारी प्राप्त करने का प्रयास किया, लेकिन वह स्पष्ट जानकारी नहीं दे सकी।

पुलिस की कार्यवाही: गुना कोतवाली पुलिस ने तत्परता और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए आसपास के क्षेत्रों में पूछताछ की और स्थानीय लोगों से जानकारी एकत्रित की। विभिन्न माध्यमों से प्रयास कर बालिका के परिजनों की पहचान सुनिश्चित की। निरंतर प्रयासों के बाद, पुलिस टीम ने बालिका के माता-पिता का पता लगाया और उन्हें सूचित किया।

परिणाम: बालिका को सुरक्षित रूप से उसके माता-पिता के सुपुर्द किया गया, जिससे परिजनों ने राहत की सांस ली और पुलिस की कार्यवाही की सराहना की।

सार्थक भूमिका: इस मानवीय कार्यवाही में थाना प्रभारी निरीक्षक सी.पी.एस. चौहान, उपनिरीक्षक रुहिल शर्मा, उपनिरीक्षक माधवी तोमर, प्रधान आरक्षक प्रवीण दीवान, आरक्षक प्रकाश ग्वाल, आरक्षक प्राण सिंह और आरक्षक शिवराज ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

निष्कर्ष: गुना पुलिस की इस प्रकार की त्वरित और मानवीय कार्यवाहियां आमजन में विश्वास और सुरक्षा की भावना को सुदृढ़ करती हैं।