क्रिकेट की पिच पर खूनी खेल-
बल्ले की मार से युवक की मौत, मामूली विवाद ने उजाड़ दिया एक घर
टीकमगढ़। ग्राम मतोली में रविवार की सुबह क्रिकेट का मैदान उस वक्त चीख-पुकार और मातम में बदल गया, जब खेल के दौरान हुए मामूली विवाद ने एक युवक की जान ले ली। ग्राम मतोली के गौशाला के पास बने मैदान में क्रिकेट खेल रहे 23 वर्षीय बलराम उर्फ बालादीन अहिरवार की बेरहमी से पिटाई कर दी गई। सिर पर बल्ले से किए गए जानलेवा वार के बाद युवक की हालत इतनी बिगड़ी कि मेडिकल कॉलेज पहुंचने से पहले ही उसने दम तोड़ दिया। मृतक बलराम उर्फ बालादीन अहिरवार पिता लच्छुआ अहिरवार उम्र 23 वर्ष, ग्राम मतोली थाना कोतवाली का निवासी था। परिजनों के अनुसार गांव में चल रहे क्रिकेट मैच के दौरान खेल को लेकर विवाद हुआ था। पहले कहासुनी हुई, फिर गाली-गलौज शुरू हो गई और देखते ही देखते मामला मारपीट तक पहुंच गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक विवाद के दौरान विकास अहिरवार ने गुस्से में आकर बलराम के सिर पर क्रिकेट का बल्ला दे मारा। सिर पर जोरदार चोट लगते ही बलराम जमीन पर गिर पड़ा और बेहोश हो गया। मौके पर मौजूद लोग कुछ समझ पाते, इससे पहले ही स्थिति बेकाबू हो चुकी थी। घटना की सूचना 112 पर दी गई, जिसके बाद पुलिस वाहन से घायल को तत्काल जिला अस्पताल टीकमगढ़ पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद युवक की गंभीर हालत को देखते हुए उसे झांसी मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। झांसी ले जाते समय ओरछा तिगैला के पास युवक की हालत और बिगड़ गई और रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। युवक की मौत की खबर जैसे ही गांव पहुंची, पूरे मतोली गांव में मातम पसर गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मां-बाप बेसुध हैं और गांव में आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय रहते विवाद को रोका गया होता तो आज एक नौजवान की जान बच सकती थी। वही कोतवाली थाना प्रभारी ब्रजेन्द्र घोष ने बताया कि रविवार सुबह करीब 8:30 बजे ग्राम मतोली की गौशाला के पास बने मैदान में क्रिकेट खेला जा रहा था। इसी दौरान बलराम उर्फ बालादीन अहिरवार का विकास अहिरवार एवं एक नाबालिक के साथ विवाद हो गया। विवाद के दौरान सिर पर क्रिकेट के बल्ले से वार किया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की तलाश एवं पूरे घटनाक्रम की गहन जांच की जा रही है। नाबालिक की भूमिका को लेकर भी नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। यह घटना एक बार फिर सवाल खड़े करती है कि खेल, जो भाईचारे और मनोरंजन का माध्यम होना चाहिए, कैसे गुस्से और हिंसा का शिकार बनकर जानलेवा साबित हो रहा है। एक मामूली क्रिकेट विवाद ने एक हंसता-खेलता परिवार उजाड़।
Continue With Google
Comments (0)