त्यौंथर में शिक्षा व्यवस्था कटघरे में, सुधार न हुआ तो आंदोलन की चेतावनी

जनपद सदस्य वेद प्रकाश तिवारी ने अधिकारियों से मांगा जवाब

रीवा जिले के त्यौंथर जनपद पंचायत अंतर्गत गढ़ी स्थित पीएम श्री विद्यालय में आयोजित शिक्षा समिति की बैठक उस समय गरमा गई, जब क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था की बदहाल स्थिति और विभागीय अनियमितताओं को लेकर जनप्रतिनिधियों ने खुलकर नाराजगी जताई। बैठक में जनपद सदस्य वेद प्रकाश तिवारी ने कड़ा रुख अपनाते हुए शिक्षा विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों से जवाब तलब करते हुए कहा कि क्षेत्र के कई विद्यालयों में शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। कहीं शिक्षकों की भारी कमी है, तो कहीं पढ़ाई का स्तर बेहद कमजोर बना हुआ है।
उन्होंने आरोप लगाया कि विभागीय अधिकारी और कर्मचारी अपनी जिम्मेदारियों का सही तरीके से निर्वहन नहीं कर रहे हैं, जिसका सीधा असर विद्यार्थियों के भविष्य पर पड़ रहा है।
"यदि जल्द सुधार नहीं हुआ तो जनप्रतिनिधि सड़क से लेकर सदन तक आंदोलन करेंगे," — यह चेतावनी भी उन्होंने बैठक में दी।
बैठक में जनपद शिक्षा अधिकारी, ब्लॉक शिक्षा अधिकारी सहित विभिन्न विद्यालयों के प्राचार्य और बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित रहे। जनप्रतिनिधियों ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए ठोस कार्ययोजना प्रस्तुत करने की मांग की। साथ ही विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं की कमी, शिक्षकों की अनुपस्थिति और शैक्षणिक गुणवत्ता पर भी गंभीर चर्चा की गई।
बैठक की अध्यक्षता जनपद पंचायत त्यौंथर की उपाध्यक्ष एवं शिक्षा समिति की अध्यक्ष अंजना सुधीर सिंह ने की। उन्होंने भी शिक्षा व्यवस्था को लेकर गहरी चिंता जताते हुए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि विद्यालयों में तत्काल सुधारात्मक कदम उठाए जाएं।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि "बच्चों के भविष्य के साथ किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।"
इस दौरान जनपद सदस्य रावेंद्र तिवारी, मनोनीत सदस्य एवं पूर्व उपाध्यक्ष डॉ. अमरनाथ पंकेश सहित अन्य जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में शिक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने और विभागीय जवाबदेही तय करने की मांग की।