आमला। प्लास्टिक एवं अन्य हानिकारक कचरे को जलाने पर प्रतिबंध होने के बावजूद शहर में खुले में कचरा जलाने की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। ऐसा ही एक मामला वार्ड क्रमांक 05 स्थित खानापुर रोड पर देखने को मिला, जहां अज्ञात लोगों द्वारा कचरे में आग लगाने से एक हरा-भरा एवं फूलों से लदा वृक्ष गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गया। आग की चपेट में आने से पेड़ का लगभग आधा हिस्सा जल गया।

घटना के बाद वार्डवासियों, राहगीरों एवं प्रकृति प्रेमियों में निराशा और आक्रोश देखा गया। स्थानीय लोगों ने बताया कि कचरा जलाने से उठे धुएं और दुर्गंध के कारण आसपास रहने वाले लोगों को काफी असहजता का सामना करना पड़ा तथा कई लोगों ने श्वास संबंधी परेशानियों की शिकायत भी की।

नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते आग पर काबू नहीं पाया जाता तो यह बड़ी दुर्घटना का रूप ले सकती थी। उन्होंने बताया कि हवा के साथ उड़ने वाली चिंगारियां अक्सर बड़े अग्निकांड का कारण बनती हैं, जिससे आसपास की हरियाली, मकानों और लोगों की सुरक्षा को खतरा उत्पन्न हो सकता है।

सामाजिक संस्था सार्थक सृजन, आमला ने इस घटना पर चिंता व्यक्त करते हुए नगरपालिका से ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। संस्था ने नागरिकों से अपील की है कि वे कचरे को जलाने के बजाय नगर पालिका की कचरा गाड़ी में दें, निर्धारित स्थानों पर ही कचरा निस्तारित करें तथा हरे-भरे पेड़ों और पौधों की रक्षा के लिए डस्टबीन का उपयोग करें। संस्था का कहना है कि पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छ शहर के निर्माण में प्रत्येक नागरिक की सहभागिता आवश्यक है।