आमला। समाज में संवेदनाएं अभी भी जीवित हैं और जब लोग किसी जरूरतमंद का दर्द अपना समझ लेते हैं, तब मानवता के सबसे सुंदर उदाहरण सामने आते हैं। ऐसा ही प्रेरणादायी कार्य जनसेवा कल्याण समिति द्वारा किया गया है, जिसने भीमनगर निवासी मधु भाई के जीवन में नई उम्मीद का दीप जलाया है। समिति के सदस्यों ने सामूहिक सहयोग, जनसहयोग और श्रमदान के माध्यम से उनके लिए सुरक्षित एवं सम्मानजनक आशियाना तैयार कर दिया है। अब मधु भाई को बारिश के मौसम में खुले आसमान के नीचे रातें बिताने की मजबूरी नहीं रहेगी।

जानकारी के अनुसार भीमनगर निवासी मधु भाई लंबे समय से आर्थिक तंगी और विपरीत परिस्थितियों से जूझ रहे हैं। पिछले माह आई तेज आंधी और बारिश ने उनकी कच्ची झोपड़ी को पूरी तरह तबाह कर दिया था। इसी दौरान उनका एक पैर गंभीर रूप से फ्रैक्चर हो गया, जिससे वे चलने-फिरने और दैनिक कार्य करने में भी असमर्थ हो गए। परिवार का कोई सहारा नहीं होने के कारण उनकी स्थिति और भी दयनीय हो गई थी।

बारिश का मौसम शुरू होने से मधु भाई के सामने सबसे बड़ी समस्या सिर छिपाने की थी। खुले आसमान के नीचे रहने के कारण उन्हें बारिश, ठंड, सांप-बिच्छू और अन्य जहरीले जीव-जंतुओं का लगातार खतरा बना हुआ था। ऐसे में उनका जीवन हर दिन मुश्किलों से घिरता जा रहा था।

*जानकारी मिलते ही सेवा के लिए आगे आई समिति*

समाजसेवी डॉ. किशोरीलाल घोघरे, हरिप्रसाद गोहे एवं शुभम खरे ने मधु भाई की स्थिति से जनसेवा कल्याण समिति को अवगत कराया। जैसे ही समिति के सदस्यों को इस पीड़ा का पता चला, उन्होंने तत्काल सहायता का निर्णय लिया। समिति ने आवश्यक निर्माण सामग्री, नई टीन शीट और अन्य संसाधनों की व्यवस्था कर मधु भाई के लिए एक सुरक्षित एवं रहने योग्य कमरा बनाने का संकल्प लिया।

*रात 11 बजे तक चला श्रमदान, तैयार हुआ सुरक्षित आशियाना*

समिति के सदस्यों ने दिन-रात मेहनत करते हुए श्रमदान किया। गुरुवार रात लगभग 11 बजे तक लगातार कार्य चलता रहा और आखिरकार मधु भाई के लिए एक मजबूत एवं सुरक्षित आशियाना तैयार कर दिया गया। यह केवल एक कमरा नहीं बल्कि एक असहाय व्यक्ति के जीवन में सम्मान, सुरक्षा और आत्मविश्वास लौटाने का प्रयास है।

इस सेवा कार्य में राहुल धेंडे, नितिन ठाकुर, जावेद पेंटर, अमित यादव, अजय गंगारे, दीपक सोनी, प्रमोद पवार, अभिषेक टिकारे, शुभम खातरकर, सागर सिंह चौहान, भावेश मालवीय, अनिल सोनी, अनिल सोनपुरे, रामानंद बेले, देवानंद धुर्वे, नवीन मालवीय, बंटी मिश्रा, दीपक खवादे एवं शानू खान सहित अनेक सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

*समस्याएं बताना ही नहीं, समाधान करना भी हमारा कर्तव्य*

समिति के संरक्षक एवं सलाहकार विमल राजू मदान ने कहा कि जनसेवा कल्याण समिति का उद्देश्य केवल समाज की समस्याओं को उजागर करना नहीं है, बल्कि जहां तक संभव हो, उनके समाधान के लिए भी आगे आना है। उन्होंने कहा कि यदि समाज के सक्षम लोग जरूरतमंदों की मदद के लिए हाथ बढ़ाएं तो कोई भी व्यक्ति खुद को अकेला महसूस नहीं करेगा।

*जरूरतमंद की मुस्कान ही सबसे बड़ा पुरस्कार*

समिति के वरिष्ठ सदस्य सुधारकर भाजीपाले ने कहा कि किसी जरूरतमंद के चेहरे पर मुस्कान लाना सबसे बड़ा पुण्य है। मधु भाई के लिए किया गया यह कार्य केवल एक सामाजिक सेवा नहीं बल्कि मानवता, करुणा और सामाजिक एकजुटता का उत्कृष्ट उदाहरण है। समिति भविष्य में भी ऐसे असहाय और जरूरतमंद लोगों की सहायता के लिए निरंतर कार्य करती रहेगी।

*मानवता का संदेश*

मधु भाई के लिए बनाया गया यह आशियाना केवल ईंट, टीन और लकड़ी का ढांचा नहीं है, बल्कि यह समाज की संवेदनशीलता, सहयोग और सेवा भावना का प्रतीक है। यह संदेश देता है कि जब समाज एकजुट होकर किसी जरूरतमंद की मदद के लिए आगे आता है, तो किसी का जीवन बदल सकता है।