आमला। आमला शहर में कथित रूप से गांजे की बिक्री और युवाओं में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति को लेकर स्थानीय नागरिकों में चिंता बढ़ती जा रही है। लोगों का कहना है कि यदि शहर में अवैध रूप से नशीले पदार्थों की बिक्री और सेवन हो रहा है तो इसका सीधा असर युवाओं के भविष्य, सामाजिक वातावरण और कानून-व्यवस्था पर पड़ सकता है।

स्थानीय नागरिकों के अनुसार शहर के कुछ स्थानों पर रात के समय संदिग्ध गतिविधियां देखने को मिलती हैं। लोगों का आरोप है कि कुछ युवक सार्वजनिक स्थानों पर बैठकर कथित रूप से गांजे का सेवन करते हैं, जिससे आसपास रहने वाले परिवारों, महिलाओं और राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। इससे शहर का माहौल भी प्रभावित हो रहा है।

नागरिकों ने बताया कि वार्ड क्रमांक 6 की आंगनवाड़ी के आसपास, तहसील कार्यालय परिसर के निकट, साईं मंदिर क्षेत्र, पुराना बैल बाजार, बस स्टैंड और इतवारी चौक सहित कुछ स्थानों पर रात के समय कथित रूप से नशीले पदार्थों का सेवन किए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं। लोगों का कहना है कि इन स्थानों पर नियमित पुलिस गश्त और निगरानी बढ़ाए जाने की आवश्यकता है।

स्थानीय नागरिकों ने पुलिस प्रशासन और जिला प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए तथा यदि कहीं भी अवैध नशीले पदार्थों की बिक्री या सेवन की पुष्टि होती है तो संबंधित लोगों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही शहर में विशेष अभियान चलाकर नशे के कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाया जाए, ताकि युवाओं को नशे की गिरफ्त में जाने से बचाया जा सके।

नागरिकों का कहना है कि नशे के विरुद्ध जनजागरूकता अभियान, नियमित पुलिस गश्त और संदिग्ध गतिविधियों पर त्वरित कार्रवाई से शहर का माहौल बेहतर बनाया जा सकता है। लोगों ने प्रशासन से अपील की है कि इस गंभीर विषय को प्राथमिकता देते हुए प्रभावी कदम उठाए जाएं।