बैतूल जिले में नागरिकों की शिकायतों और समस्याओं के प्रभावी निराकरण के लिए आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई में जिला प्रशासन का संवेदनशील चेहरा देखने को मिला। कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे की अध्यक्षता में आयोजित इस सुनवाई में राजस्व, भूमि विवाद, आवास, पेंशन और बुनियादी सुविधाओं से जुड़े अनेक प्रकरण सामने आए। कलेक्टर ने प्रत्येक मामले की गंभीरता से सुनवाई करते हुए संबंधित अधिकारियों को तय समय-सीमा में ठोस समाधान निकालने के कड़े निर्देश दिए।

आंधी-तूफान से क्षतिग्रस्त मकान पर त्वरित आर्थिक मदद

जनसुनवाई के दौरान सबसे मार्मिक मामला घोड़ाडोंगरी विकासखंड के ग्राम चिखलीमाल निवासी ललिता इवने का था। आवेदिका ने कलेक्टर को अवगत कराया कि भीषण आंधी-तूफान के कारण उनका मकान बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे उनके परिवार के सामने रहने का संकट उत्पन्न हो गया है।

  • तत्काल संज्ञान: कलेक्टर डॉ. सोनवणे ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल घोड़ाडोंगरी तहसीलदार से वस्तुस्थिति की जानकारी ली।

  • आर्थिक सहायता: प्रकरण की पुष्टि होने पर कलेक्टर ने बिना किसी विलंब के आर्थिक सहायता राशि उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

  • रेडक्रॉस से राहत: पीड़िता की पीड़ा को समझते हुए कलेक्टर ने रेडक्रॉस मद से तत्काल राहत राशि स्वीकृत की।

  • आवास का लाभ: साथ ही, अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत ललिता इवने की पात्रता की जांच की जाए और पात्र पाए जाने पर उन्हें प्राथमिकता से आवास सहायता का लाभ दिलाया जाए।

विभिन्न विकासखंडों की समस्याओं पर प्रशासनिक कार्रवाई

जनसुनवाई में आए अन्य प्रकरणों पर भी कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए:

  1. पारसडोह डैम पाइपलाइन: आठनेर निवासी मृदुल जायसवाल द्वारा पारसडोह डैम की पाइपलाइन संबंधी समस्या पर कलेक्टर ने जल संसाधन विभाग (WRD) के कार्यपालन यंत्री (EE) मुलताई को त्वरित समाधान के निर्देश दिए।

  2. राजस्व एवं भूमि विवाद: प्रभातपट्टन निवासी बाया लिखितकर की वसीयत वाली भूमि पर कब्जे संबंधी विवाद को सुलझाने के लिए तहसीलदार प्रभातपट्टन को जिम्मेदारी सौंपी गई।

  3. मार्ग चौड़ीकरण: मुलताई के ग्राम सिपाहा में आबादी भूमि के कच्चे मार्ग को चौड़ा करने के आवेदन पर तहसीलदार मुलताई को मौके पर जाकर निराकरण के आदेश दिए गए।

  4. मजदूरी भुगतान: ग्राम बिहरगांव निवासी निर्मल सिंह तोमर की बकाया मजदूरी की शिकायत पर श्रम विभाग के अधिकारी को जांच कर भुगतान कराने के निर्देश दिए गए।

  5. मुआवजा प्रकरण: ग्राम गंगापुर निवासी नत्थू द्वारा स्वीकृत मुआवजा राशि न मिलने की शिकायत पर मुलताई एसडीएम को जांच कर शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने को कहा गया।

  6. आवास सूची: ग्राम सातलदेही के रमेश यादव द्वारा प्रधानमंत्री आवास सूची में नाम न होने की समस्या पर जनपद पंचायत घोड़ाडोंगरी के सीईओ को आवश्यक कार्रवाई हेतु निर्देशित किया गया।

कलेक्टर का स्पष्ट निर्देश: 'दोबारा चक्कर न लगाना पड़े'

कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे ने जनसुनवाई में उपस्थित सभी विभागीय अधिकारियों को कड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि जनसुनवाई का उद्देश्य नागरिकों की समस्याओं का स्थायी और त्वरित समाधान है। अधिकारियों को ऐसी कार्यप्रणाली अपनानी चाहिए कि आमजन को अपनी समस्या के निराकरण के लिए बार-बार कलेक्ट्रेट के चक्कर न लगाने पड़ें।

बैठक में अपर कलेक्टर श्रीमती वंदना जाट और संयुक्त कलेक्टर श्री मकसूद अहमद ने भी नागरिकों की समस्याएं सुनीं। जिला प्रशासन की इस सक्रियता और त्वरित निर्णय लेने की शैली से आम नागरिकों में शासन की कार्यप्रणाली के प्रति भरोसा बढ़ा है। सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे जनसुनवाई में प्राप्त आवेदनों को 'टाइम बाउंड' मोड में लेकर निराकरण रिपोर्ट प्रस्तुत करें।

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