*बुढ़ार: भाजपा पर फूट डालो—राज करो की राजनीति, कांग्रेस नेता बोले — विधायक ने क

 *बुढ़ार* ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अंकित सिंह ने आरोप लगाया है कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की राजनीति "फूट डालो, प्रलोभन दो और राज करो" की रणनीति पर आधारित है और प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर विधायक खरीदने की घटनाएँ लगातार हो रही हैं। उन्होंने कहा कि धनपुरी नगर भी इस प्रवृत्ति से अछूता नहीं रहा।

अंकित सिंह का आरोप है कि पूर्व में भी भाजपा के प्रलोभन में आकर तीन पूर्व कांग्रेस पार्षदों ने अपना विश्वास बदल दिया था, और अब इसी प्रकार की कोशिशें वार्ड क्रमांक 28 में दिखाई दे रही हैं। उन्होंने कहा कि महिला पार्षद गीता कोल के बड़े भाई के साथ मिलकर स्थानीय भाजपा नेताओं ने "ओछी राजनीति" की है।

घटना की पीड़ित पार्टी के अनुसार, मंगलम वार्ड के रहने वाले कमलेश कोल ने बताया कि कुछ भाजपा कार्यकर्ताओं ने उन्हें बुलाकर बताया कि वार्ड में विधायक जनसमस्या सुनने आए हैं। वहां विधायक जय सिंह मरावी तथा अन्य मौजूद थे। कमलेश ने कहा कि उन्होंने वार्ड की प्रमुख समस्याएँ — पानी की कमी, बिजली खंभों पर स्ट्रीट लाइट न होना और अन्य स्थानीय समस्याएँ — विधायक को बतायीं। इसके बाद, आरोप है, भाजपा के नेताओं ने उन्हें पार्टी का पट्टा जबरन पहनाया और फोटो खिंचवाने के लिए मजबूर किया।

कमलेश ने बताया कि मौके पर उपस्थित पूर्व कांग्रेस पार्षद लक्ष्मण कोल ने भी उनसे कहा कि भाजपा में शामिल हो जाएँ, क्योंकि "भाजपा में आनंद है" और पार्षद बनते ही वार्ड के कार्य तेज़ी से होने लगेंगे। जब उन्होंने इनकार किया तो पट्टा हटाकर घर लौट आए और घटना की जानकारी ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अंकित सिंह को दी। 

उन्होंने आगे बताया कि दीपक राय नामक पूर्व पार्षद ने उनकी तस्वीर अपने फेसबुक पेज पर पोस्ट कर दी, तथा अगले दिन समाचारपत्रों में प्रकाशित खबरें पढ़कर उनकी सामाजिक छवि को आघात पहुँचा। कमलेश ने कहा कि भाजपा के कुछ कार्यकर्ताओं, जिनमें विनय सिन्हा का नाम लिया गया है, ने उन्हें कहा कि भाजपा में होने से उन्हें फ़ायदा होगा और कांग्रेस में इतने सालों से होने के बावजूद उन्हें कोई लाभ नहीं मिला।

कमलेश का कहना है कि वे कांग्रेस परिवार से जुड़े रहे हैं; उनके परिवार को कांग्रेस ने दो बार टिकट देकर पार्षद बनाया था और उन्होंने कांग्रेस में अपना मान-सम्मान बढ़ता हुआ महसूस किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे अभी भी कांग्रेस के साथ ही हैं और आगे भी रहेंगे।

इस पूरे घटनाक्रम पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व नगरपालिका उपाध्यक्ष संतोष सिंह ने भी कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि विधायक जय सिंह मरावी की मानसिकता केवल अपनी पार्टी तक सीमित नज़र आती है, जबकि चुनाव जीतने के बाद उन्हें क्षेत्र के हर नागरिक का सम्मानित प्रतिनिधि बनकर काम करना चाहिए। संतोष सिंह ने कहा कि इस प्रकार की घटनाएँ विधायक की मानसिकता और स्थानीयता दिखाती हैं।

मंगलम कांग्रेस अध्यक्ष ने भी आरोप लगाया कि जहाँ कांग्रेस के पार्षद होते हैं वहाँ विकास कार्य रोक दिए जाते हैं और नगर पालिका द्वारा जानबूझकर सौतेला व्यवहार किया जा रहा है। उनका कहना है कि ऐसा करने से कांग्रेस पार्षदों की छवि धूमिल करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि जनता अब स्थिति को समझ रही है और देख रही है कि विकास कहां हो रहा है और जनता के पैसे का दुरुपयोग कहां हो रहा है।