आमला। पर्यावरण संरक्षण के लिए लगातार कार्य कर रही सामाजिक संस्था सार्थक सृजन द्वारा लगाए गए पौधों को अज्ञात लोगों द्वारा नुकसान पहुंचाने का मामला सामने आया है। तहसील कार्यालय के पास लगाए गए बरगद के पौधे और उसके ट्री गार्ड को शरारती तत्वों ने गिरा दिया। घटना की जानकारी मिलते ही संस्था के सदस्यों ने स्थानीय नागरिकों के सहयोग से तत्काल ट्री गार्ड को पुनः स्थापित कर पौधे को सुरक्षित किया।

इस दौरान सार्थक सृजन ने तहसील परिसर में बरगद का एक और पौधा भी रोपा। यह पौधा संस्था के सदस्य चंद्रशेखर सोनी ने अपने पूर्वजों की स्मृति में लगाया। साथ ही परिसर में पहले से लगे एक असुरक्षित पीपल के पौधे को भी ट्री गार्ड लगाकर सुरक्षित किया गया।

संस्था ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि लोगों की रुचि रचनात्मक कार्यों की अपेक्षा विध्वंसक गतिविधियों में अधिक दिखाई दे रही है, जो समाज और पर्यावरण दोनों के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है।

सार्थक सृजन ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे पौधों की सुरक्षा में सहयोग करें। संस्था ने बताया कि कई लोग क्षेत्र में बकरियां चराने लाते हैं, जो घास छोड़कर पौधों को नुकसान पहुंचाती हैं और लोग मूकदर्शक बने रहते हैं। संस्था ने सभी से पौधों को आवारा पशुओं से बचाने और उनकी नियमित देखभाल करने का आग्रह किया।

संस्था ने कहा कि पेड़-पौधे जीव-जगत के अस्तित्व का आधार हैं। इनके बिना जीवन की कल्पना संभव नहीं है। इसलिए प्रत्येक नागरिक को अधिक से अधिक पौधे लगाने, उनकी देखभाल करने तथा पुराने वृक्षों को कटने से बचाने का संकल्प लेना चाहिए।