डबरा। कृषि उपज मंडी में बाहरी ट्रकों से ढुलाई को लेकर विवाद अब खुलकर टकराव में बदलता नजर आ रहा है। व्यापारी संघ द्वारा ट्रक एसोसिएशन पर लगाए गए आरोपों के बाद ट्रक ऑपरेटरों ने तीखा पलटवार करते हुए सभी आरोपों को झूठा और निराधार बताया है।
समस्त ट्रक एसोसिएशन डबरा ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपते हुए स्पष्ट किया कि मंडी परिसर में बाहरी ट्रकों से माल ढुलाई नियमों के खिलाफ हो रही है। एसोसिएशन का कहना है कि पहले तय व्यवस्था के अनुसार स्थानीय ट्रकों को प्राथमिकता दी जानी थी, लेकिन व्यापारी वर्ग खुलेआम नियमों की अनदेखी कर रहा है।
ट्रक एसोसिएशन ने व्यापारी संघ पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जानबूझकर बाहरी ट्रकों को बुलाकर स्थानीय ट्रक मालिकों का रोजगार छीना जा रहा है। इससे स्थानीय परिवहन व्यवस्था प्रभावित हो रही है और कई ट्रक मालिक आर्थिक संकट में पहुंच रहे हैं।
एसोसिएशन ने यह भी आरोप लगाया कि जब उनके सदस्य इस “अवैध ढुलाई” का विरोध करते हैं, तो व्यापारी पक्ष द्वारा विवाद और झगड़े की स्थिति पैदा की जाती है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भविष्य में कोई अप्रिय घटना होती है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी नियमों का उल्लंघन करने वाले व्यापारियों की होगी।
साजिश की सुगबुगाहट!
जब से मंडी प्रशासन द्वारा नीलामी प्रक्रिया को सख्ती से लागू करने की बात कही गई है, तब से ही व्यापारी संघ लगातार ट्रक एसोसिएशन को निशाने पर ले रहा है। इसे वे एक सुनियोजित दबाव की रणनीति और साजिश की तरह देख रहे हैं।
मंडी प्रशासन पर भी उठे सवाल -
पूरे मामले में मंडी प्रशासन की भूमिका भी सवालों के घेरे में है। एसोसिएशन का आरोप है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद प्रशासन ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की, जिससे व्यापारी वर्ग के हौसले बुलंद हैं और नियमों का खुला उल्लंघन जारी है।
ट्रक ऑपरेटरों ने प्रशासन से मांग की है कि मंडी में बाहरी ट्रकों की एंट्री पर तत्काल रोक लगाई जाए और तय नियमों का सख्ती से पालन कराया जाए।
मंडी में बढ़ते इस विवाद ने अब तूल पकड़ लिया है। यदि
प्रशासन ने समय रहते हस्तक्षेप नहीं किया, तो यह टकराव कभी भी बड़े विवाद का रूप ले सकता है।

Continue With Google
Comments (0)