पांढुर्णा / मोहगांव - खबर का बड़ा असर!*

हरे-भरे पेड़ों पर अवैध कटाई की खबर चलने के बाद आखिरकार प्रशासन जाग गया है।

जिला कलेक्टर के सख्त निर्देश के बाद सौंसर SDM देर रात करीब 7 बजे मोहगांव नगर के किनारे स्थित प्लाईवुड कंपनी पहुंचे।

SDM द्वारा कंपनी का निरीक्षण किया गया और वहां मौजूद लकड़ी का आकलन किया गया। जांच में कंपनी के अंदर भारी मात्रा में *गीली हरी लकड़ी* पाई गई है। हालांकि मौके पर नगर परिषद के कर्मचारियों को भी एसडीएम ने जांच करने को कहा गया अब जांच में क्या पाया जाता है

हालांकि कंपनी मापदंड और नियमों के अनुसार है या नहीं, इसकी अभी कोई पुष्टि नहीं की गई है। सबसे बड़ा सवाल - SDM ने जब पूछा कि ये गीली लकड़ी किन आरा मशीनों से खरीदी है, तो कंपनी इसका कोई खुलासा नहीं कर पाई।

अब सवाल ये है कि अगर ये गीली लकड़ी क्षेत्र के हरे-भरे पेड़ों को काटकर लाई गई है, तो आखिर आरा मशीनों को हरे पेड़ काटने की परमिशन किसने दी?

क्षेत्र में आए दिन हरे पेड़ कट रहे हैं और राजस्व विभाग हो या वन विभाग, दोनों चुप्पी साधे बैठे हैं। फिलहाल जिला कलेक्टर नीरज वशिष्ठ को एक स्थानीय पत्रकार ने खबर चलनेक बादके सूचना दी कि पत्रकार को सि दे कंपनी के मलिकक द्वारा धमकी दी जा रही है जिला कलेक्टर ने इस बात को तत्काल संज्ञान लेकर  SDM सौसर सिद्धार्थ पटेल कने के निर्देश दए क्या  जावे जांच के लिए देर शाम 7:00 बजे पहुंचे औरजांच शुरू कर दी है, अब देखना होगा कि इस बेनामी प्लाईवुड कंपनी पर आगे क्या कार्रवाई होती है।

सवाल यहउठन है कि इस कंपनीक पास गीली लकड़ी कहांआई फिलहाल सबसे एसडीएम की पूरी जांच के बाद क्या है मामला देखने को मिलेगा