वर्ष 2026 के लिए ग्रीष्मकालीन अवकाश की घोषणा: शिक्षकों के लिए छुट्टियों में भारी कटौती

स्कूल शिक्षा विभाग ने वर्ष 2026 के लिए ग्रीष्मकालीन अवकाश की आधिकारिक घोषणा कर दी है। इस बार के आदेश ने सरकारी शिक्षकों को हैरत में डाल दिया है, क्योंकि उनके अवकाश की अवधि में भारी कटौती की गई है। पहले जहां शिक्षकों को एक से डेढ़ महीने की छुट्टियाँ मिलती थीं, वहीं इस साल उन्हें केवल 30 दिन के अवकाश से संतोष करना होगा।

विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए अलग-अलग नियम

विभाग द्वारा जारी कैलेंडर के अनुसार, स्कूल के बच्चों और शिक्षकों के लिए छुट्टियों की अवधि अलग-अलग निर्धारित की गई है:

  • छात्रों के लिए: विद्यार्थियों को 1 मई से 15 जून 2026 तक कुल 46 दिनों का ग्रीष्मकालीन अवकाश मिलेगा।
  • शिक्षकों के लिए: शिक्षकों को केवल 30 दिनों की छुट्टी मिलेगी। बाकी समय में उन्हें प्रशासनिक कार्यों, आगामी सत्र की तैयारी या अन्य विभागीय ड्यूटियों में उपस्थित रहना होगा।

विशिष्ट निर्देश

शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन शिक्षकों की ड्यूटी बोर्ड परीक्षा मूल्यांकन या अन्य चुनाव संबंधी/प्रशासकीय कार्यों में लगी है, वे तुरंत अवकाश पर नहीं जा सकेंगे। ऐसे शिक्षकों को उनका निर्धारित कार्य पूर्ण होने के बाद ही बचे हुए अवकाश का लाभ लेने की अनुमति दी जाएगी।

छुट्टियों में कटौती का कारण

विशेषज्ञों का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में शैक्षणिक सत्र के दौरान हुए नुकसान की भरपाई और 'लर्निंग रिकवरी' कार्यक्रमों को सुचारू रूप से चलाने के लिए शिक्षकों की उपस्थिति अनिवार्य की गई है। पिछले दो सालों में शिक्षकों को 30 दिन और उससे पहले 45 दिन का अवकाश मिलता था।

सभी सरकारी स्कूलों में नया शैक्षणिक सत्र 16 जून 2026 से विधिवत रूप से शुरू होगा।