आमला। रेल पुलिस भोपाल द्वारा चलाए जा रहे "ऑपरेशन हमदर्द" के तहत जीआरपी थाना आमला ने एक बार फिर अपनी संवेदनशीलता और तत्परता का परिचय देते हुए घर से नाराज होकर निकली 16 वर्षीय नाबालिग बालिका को सुरक्षित उसके परिजनों से मिलाकर मानवता की मिसाल पेश की है।

अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक रेल भोपाल राजाबाबू सिंह के निर्देशन, पुलिस अधीक्षक रेल भोपाल अंकित जायसवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नीतू डाबर तथा उप पुलिस अधीक्षक रेल इटारसी महेन्द्र सिंह कुल्हारा के मार्गदर्शन में जीआरपी थाना आमला द्वारा रेलवे स्टेशन पर लगातार ऑपरेशन हमदर्द चलाया जा रहा है। इसी अभियान के दौरान थाना प्रभारी उपनिरीक्षक प्रमोद पाटिल के नेतृत्व में पुलिस टीम ने 10 जुलाई 2026 को रेलवे स्टेशन आमला के फुटओवर ब्रिज की सीढ़ियों पर एक किशोरी को घबराई और परेशान अवस्था में बैठे देखा।

पुलिस ने जब उससे आत्मीयता से बातचीत की तो उसने अपना नाम भूमिका वट्टी (16 वर्ष) निवासी ग्राम हरन्या टांडी, बोरदेही, जिला बैतूल बताया। उसने बताया कि वह लगभग एक माह पहले अपनी बड़ी मां के घर ग्राम चुटकी गई थी। 8 जुलाई को घर के काम को लेकर डांट पड़ने से नाराज होकर वह बिना किसी को बताए घर से निकल गई थी और आमला रेलवे स्टेशन पहुंच गई। वहां वह कई घंटों से भूखी-प्यासी और अकेली बैठी थी।

नाबालिग की स्थिति को देखते हुए जीआरपी ने तत्काल महिला आरक्षक पूजा यादव एवं महविस खान को बुलाकर उसे सुरक्षित थाना लाया। वहां उसे भोजन और पानी उपलब्ध कराया गया तथा मानसिक रूप से शांत करने के बाद उसके परिजनों की जानकारी ली गई। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए उसके पिता परसराम वट्टी एवं मामा रितेश ध्रुवे से संपर्क किया।

कुछ ही समय में दोनों परिजन जीआरपी थाना पहुंचे। पूछताछ में उन्होंने बताया कि घर में डांट पड़ने के बाद भूमिका गुस्से में बिना बताए घर से चली गई थी। पुलिस द्वारा सभी आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने एवं सत्यापन के बाद बालिका को उसके पिता के सुपुर्द कर दिया गया। परिजनों ने जीआरपी आमला की संवेदनशील कार्यशैली और त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए पुलिस का आभार व्यक्त किया।

रेलवे पुलिस का ऑपरेशन हमदर्द केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि जरूरतमंद, लापता, भटके हुए और असहाय लोगों को सुरक्षित उनके परिवारों तक पहुंचाने का एक मानवीय अभियान भी है। जीआरपी आमला की इस कार्रवाई ने एक बार फिर साबित कर दिया कि पुलिस का मानवीय चेहरा समाज में विश्वास और सुरक्षा की भावना को मजबूत करता है।

*इन पुलिसकर्मियों की रही सराहनीय भूमिका*

इस सफल कार्रवाई में थाना प्रभारी उपनिरीक्षक प्रमोद पाटिल, प्रधान आरक्षक मनोज नागले, आरक्षक दीपक खलोटे, अनिल कुमरे, सनोज धुर्वे, प्रदीप उबनारे, महिला आरक्षक पूजा यादव तथा महविस खान की महत्वपूर्ण एवं सराहनीय भूमिका रही।