बंगाल की खाड़ी में बना एक चक्रवात, नासा उपग्रह की प्रतीकात्मक फाइल फोटो (चक्रवात असानी, मई 2022) फोटो साभार Wikimedia Commons / MODIS Land Rapid Response Team, NASA GSFC, Public domain
बंगाल की खाड़ी में बना बहुत गंभीर चक्रवाती तूफान 'अर्नब' बुधवार तड़के आंध्र प्रदेश और यनम के तट से काकीनाडा के पास टकराया।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार लैंडफॉल रात 1.20 बजे शुरू हुआ, जो तूफान की तेज रफ्तार के कारण अनुमान से पहले था। इस दौरान हवा 115 से 125 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली और झोंके 140 किमी प्रति घंटे तक पहुंचे। इसका असर मध्य प्रदेश के पूर्वी हिस्से तक दिख सकता है, क्योंकि IMD ने पूर्वी मध्य प्रदेश में 2 दिन भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
ग्राफिक से समझिए, तूफान कहां टकराया और मध्य प्रदेश पर क्या असर…

पूर्वी मध्य प्रदेश में 2 दिन भारी बारिश की चेतावनी
IMD ने 27 अक्टूबर की शाम जारी पूर्वानुमान में कहा कि अगले 2 दिन पूर्वी मध्य प्रदेश में भारी बारिश हो सकती है। यानी 28 और 29 अक्टूबर को प्रदेश के पूर्वी जिलों में बादल, बारिश और तेज हवा का दौर रह सकता है।
IMD के मौसम उप-संभाग 'पूर्वी मध्य प्रदेश' में जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग के जिले आते हैं। सीधी, सिंगरौली, शहडोल, अनूपपुर और रीवा जैसे जिले छत्तीसगढ़ से सटे हैं, जहां 28 अक्टूबर के लिए अति भारी बारिश का रेड अलर्ट है। हालांकि जिलेवार अलर्ट मौसम केंद्र भोपाल के रोज के बुलेटिन से तय होता है, इसलिए लोग अपने जिले का ताजा अपडेट जरूर देखें।
पूर्वी MP के लिए क्या कहता है पूर्वानुमान…
- कब, 27 अक्टूबर शाम के पूर्वानुमान के अनुसार अगले 2 दिन
- क्या, पूर्वी मध्य प्रदेश में भारी बारिश की संभावना
- पड़ोस में, छत्तीसगढ़ में 28 अक्टूबर को अति भारी बारिश का रेड अलर्ट
- महाराष्ट्र की ओर, विदर्भ और तेलंगाना में भारी से बहुत भारी बारिश
रात 1.20 बजे काकीनाडा के पास शुरू हुआ लैंडफॉल
आकाशवाणी समाचार ने IMD के हवाले से बताया कि अर्नब ने आंध्र प्रदेश और पुडुचेरी के यनम तट पर काकीनाडा के पास लैंडफॉल शुरू किया। तूफान तेजी से आगे बढ़ा, इसलिए यह पहले के अनुमान से जल्दी तट तक पहुंचा। आंध्र प्रदेश के कई तटीय जिलों में भारी बारिश और तेज हवा से सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ।
27 अक्टूबर की शाम IMD ने बताया था कि तूफान बापटला और विशाखापत्तनम के बीच यनम के करीब तट पार करेगा। विभाग ने तट पर करीब 2.5 मीटर ऊंची लहरों यानी स्टॉर्म सर्ज का अनुमान जताया था, जिससे खास तौर पर काकीनाडा के आसपास निचले इलाकों में पानी भरने का खतरा बताया गया। निचले इलाकों के लोगों को 28 अक्टूबर दोपहर तक सुरक्षित जगहों पर रहने की सलाह दी गई थी।
ओडिशा के 5 जिलों में रेड अलर्ट
IMD ने ओडिशा के 5 जिलों के लिए रेड अलर्ट और कई अन्य हिस्सों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। आकाशवाणी के अनुसार दक्षिण ओडिशा के गंजाम, गजपति, कोरापुट, मलकानगिरी और नबरंगपुर में लगातार बारिश हो रही है और दिन में इसके तेज होने का अनुमान है।
झारखंड में रांची समेत कई इलाकों में मंगलवार रात से बारिश जारी है और वहां भारी बारिश व तेज हवा का ऑरेंज अलर्ट है।
किन राज्यों में कैसी चेतावनी
IMD के 27 अक्टूबर शाम के पूर्वानुमान के अनुसार राज्यवार स्थिति इस तरह है…
| राज्य या क्षेत्र | चेतावनी | दिन |
|---|---|---|
| तटीय आंध्र प्रदेश, ओडिशा, छत्तीसगढ़ | अति भारी बारिश, रेड अलर्ट | 28 अक्टूबर |
| तेलंगाना, विदर्भ | भारी से बहुत भारी बारिश | 28 अक्टूबर |
| पूर्वी मध्य प्रदेश, झारखंड, गंगीय पश्चिम बंगाल | भारी बारिश | अगले 2 दिन |
| बिहार, पूर्वी उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, महाराष्ट्र | गरज, बिजली और तेज हवा | अगले 2 से 3 दिन |
उड़ानें रद्द, यात्रियों के लिए एडवाइजरी
नागर विमानन मंत्रालय ने 27 अक्टूबर को चक्रवात की स्थिति और तैयारियों की समीक्षा की। PIB की विज्ञप्ति के अनुसार विशाखापत्तनम, विजयवाड़ा और राजमुंदरी हवाई अड्डों पर उड़ानें रोकी गईं और कुछ रूट की उड़ानें रद्द हुईं।
मंत्रालय ने एयरलाइंस को खराब मौसम के दिशानिर्देश मानने, यात्रियों को समय पर जानकारी देने और रीबुकिंग व रिफंड नियमों का पालन करने को कहा है। यात्रियों को एयरपोर्ट निकलने से पहले फ्लाइट की स्थिति जांचने की सलाह दी गई है। शिकायत पहले एयरलाइन से और फिर एयरसेवा पोर्टल या ऐप पर की जा सकती है।
पूर्वी MP के लोग इन बातों का रखें ध्यान
IMD ने तटीय इलाकों में मकानों, पेड़ों, बिजली लाइनों और खड़ी फसलों को नुकसान की आशंका जताई है। मध्य प्रदेश में असर बारिश के रूप में रहने का अनुमान है। ऐसे में पूर्वी जिलों के लोग और किसान मौसम केंद्र भोपाल के जिलेवार बुलेटिन पर नजर रखें। बिजली चमकने के समय खुले खेत, पेड़ के नीचे और बिजली के खंभों से दूर रहें। धान जैसी तैयार फसल की कटाई और भंडारण से जुड़ा फैसला जिले के ताजा पूर्वानुमान को देखकर करें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
चक्रवात अर्नब कहां और कब टकराया?
IMD के अनुसार अर्नब का लैंडफॉल 28 अक्टूबर 2026 को रात 1.20 बजे आंध्र प्रदेश और यनम तट पर काकीनाडा के पास शुरू हुआ।
लैंडफॉल के समय हवा की रफ्तार कितनी थी?
हवा 115 से 125 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली और झोंके 140 किमी प्रति घंटे तक पहुंचे।
क्या चक्रवात अर्नब से मध्य प्रदेश में बारिश होगी?
IMD ने 27 अक्टूबर शाम के पूर्वानुमान में पूर्वी मध्य प्रदेश में अगले 2 दिन भारी बारिश की संभावना जताई है। जिलेवार अलर्ट के लिए मौसम केंद्र भोपाल का बुलेटिन देखें।
किन राज्यों में रेड अलर्ट है?
28 अक्टूबर के लिए तटीय आंध्र प्रदेश, ओडिशा और छत्तीसगढ़ में अति भारी बारिश का रेड अलर्ट है। ओडिशा के 5 जिलों में रेड अलर्ट जारी है।
स्रोत आकाशवाणी समाचार (IMD के हवाले से), आकाशवाणी समाचार (IMD पूर्वानुमान), PIB, मौसम केंद्र भोपाल
Continue With Google