गुना: 50 साल पुराने जर्जर तारों के साये में जीने को मजबूर सल्लमगढ़ के ग्रामीण, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा

मधुसूदनगढ़ (गुना): जिले के ग्राम सल्लमगढ़ में बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आई है। यहाँ करीब 50 साल पुरानी 11 केवी विद्युत लाइन ग्रामीणों के लिए मौत का जाल बन चुकी है। आलम यह है कि एक ही पोल पर दर्जनों जगह जोड़ (Joints) लगे हुए हैं, जिससे आए दिन तार टूटकर गिरते रहते हैं।

ग्रामीणों ने दी चेतावनी: "समय रहते सुधार नहीं, तो होगी कानूनी कार्रवाई"

ग्रामीणों ने इस संबंध में कनिष्ठ अभियंता (AE) को एक ज्ञापन सौंपा है। आवेदक रामनारायण कुशवाहा के नेतृत्व में समस्त ग्रामवासियों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि 15 दिनों के भीतर जर्जर तारों को बदलकर नवीन तार नहीं डाले गए, तो विभाग पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कराया जाएगा।

पंचनामा में जताई चिंता

ग्रामीणों द्वारा 12 जून 2026 को तैयार किए गए पंचनामा में स्पष्ट कहा गया है कि बिजली के तार अत्यधिक जर्जर और जंग खा चुके हैं। गांव के बच्चों, बुजुर्गों और मवेशियों के लिए ये लटकते तार जानलेवा साबित हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग से बार-बार गुहार लगाने के बावजूद उनकी सुनवाई नहीं हो रही है।

जिम्मेदार कौन?

ग्रामीणों का कहना है कि बिजली की लाइन का इस कदर जर्जर होना सीधे तौर पर लापरवाही है। यदि समय रहते तारों को नहीं बदला गया और कोई अनहोनी हुई, तो उसके लिए संबंधित अधिकारी सीधे तौर पर उत्तरदायी होंगे।