दिवाली पर जलता मिट्टी का दीया (प्रतीकात्मक फोटो) फोटो साभार Wikimedia Commons / Slyronit, CC BY-SA 4.0
इस साल दीपावली रविवार, 8 नवंबर 2026 को मनाई जाएगी। पंचांग गणना के अनुसार कार्तिक कृष्ण अमावस्या 8 नवंबर को सुबह करीब 11:30 बजे शुरू होगी और 9 नवंबर को दोपहर करीब 12:33 बजे खत्म होगी।
लक्ष्मी पूजन प्रदोष काल में अमावस्या होने पर किया जाता है और यह स्थिति केवल 8 नवंबर की शाम बन रही है। भोपाल में उस दिन सूर्यास्त शाम करीब 5:38 बजे होगा।
प्रदोष काल और स्थिर वृषभ लग्न के मेल से लक्ष्मी पूजन का सबसे शुभ समय शाम 6:03 बजे से रात 8:01 बजे तक बन रहा है। पांच दिन का दीपोत्सव 6 नवंबर को धनतेरस से शुरू होकर 11 नवंबर को भाई दूज पर पूरा होगा।

5 दिन का दीपोत्सव, धनतेरस 6 और भाई दूज 11 नवंबर को
| पर्व | तारीख और दिन | तिथि |
|---|---|---|
| धनतेरस | 6 नवंबर 2026, शुक्रवार | त्रयोदशी 6 नवंबर सुबह 10:31 से 7 नवंबर सुबह 10:49 तक |
| नरक चतुर्दशी (रूप चौदस) स्नान | 8 नवंबर 2026, रविवार सुबह | चतुर्दशी 7 नवंबर सुबह 10:49 से 8 नवंबर सुबह 11:30 तक |
| दीपावली, लक्ष्मी पूजन | 8 नवंबर 2026, रविवार | अमावस्या 8 नवंबर सुबह 11:30 से 9 नवंबर दोपहर 12:33 तक |
| गोवर्धन पूजा, अन्नकूट | 10 नवंबर 2026, मंगलवार | प्रतिपदा 9 नवंबर दोपहर 12:33 से 10 नवंबर दोपहर 2:01 तक |
| भाई दूज | 11 नवंबर 2026, बुधवार | द्वितीया 10 नवंबर दोपहर 2:01 से 11 नवंबर दोपहर 3:54 तक |
चतुर्दशी तिथि 8 नवंबर को सूर्योदय के समय रहेगी, इसलिए नरक चतुर्दशी का अभ्यंग स्नान उदया तिथि के हिसाब से दिवाली वाले दिन सुबह होगा। कई घरों में छोटी दिवाली के दीये 7 नवंबर की शाम जलाने की परंपरा भी है।
9 नवंबर को अमावस्या दोपहर तक रहने से गोवर्धन पूजा 10 नवंबर को होगी। भाई दूज की द्वितीया तिथि 11 नवंबर को अपराह्न काल में रहेगी।
भोपाल में लक्ष्मी पूजन के लिए करीब 2 घंटे का श्रेष्ठ समय
लक्ष्मी पूजन के लिए प्रदोष काल और उसमें स्थिर लग्न सबसे अच्छा माना जाता है। शाम को वृषभ और आधी रात के बाद सिंह स्थिर लग्न हैं। व्यापारी बही खाता पूजन के लिए निशीथ काल भी चुनते हैं।

| मुहूर्त (भोपाल, 8 नवंबर) | समय |
|---|---|
| सूर्यास्त | शाम 5:38 बजे |
| प्रदोष काल | शाम 5:38 से रात 8:12 बजे तक |
| वृषभ लग्न (स्थिर) | शाम 6:03 से रात 8:01 बजे तक |
| लक्ष्मी पूजन का श्रेष्ठ मुहूर्त | शाम 6:03 से रात 8:01 बजे तक, अवधि करीब 1 घंटा 58 मिनट |
| निशीथ काल | रात करीब 11:38 से 12:29 बजे तक |
| सिंह लग्न (स्थिर) | 9 नवंबर की रात करीब 12:31 से 2:43 बजे तक |
यह समय भोपाल के अक्षांश और देशांतर पर लाहिड़ी अयनांश वाली पंचांग गणना से निकाला गया है। StateNews ने दो अलग पंचांग गणनाओं का मिलान किया, जिनमें केवल 1 मिनट का अंतर आया।
इंदौर, जबलपुर या ग्वालियर में समय कुछ मिनट आगे पीछे होगा।
धनतेरस पर वृषभ लग्न में पूजा, भाई दूज पर दोपहर में तिलक
धनतेरस पर 6 नवंबर को भोपाल में प्रदोष काल शाम 5:39 से रात 8:12 बजे तक रहेगा। इसमें वृषभ लग्न शाम करीब 6:11 से रात 8:09 बजे तक है, जो धन्वंतरि और कुबेर पूजन व यम दीपदान के लिए शुभ है।
भाई दूज पर 11 नवंबर को भोपाल में अपराह्न काल दोपहर करीब 1:11 बजे से 3:24 बजे तक रहेगा। इसी दौरान बहनें भाई को तिलक लगा सकती हैं, क्योंकि द्वितीया तिथि दोपहर 3:54 बजे तक है।
मुख्य बातें
- दीपावली और लक्ष्मी पूजन 8 नवंबर 2026, रविवार को
- भोपाल में लक्ष्मी पूजन मुहूर्त शाम 6:03 से रात 8:01 बजे तक
- धनतेरस 6 नवंबर, गोवर्धन पूजा 10 नवंबर, भाई दूज 11 नवंबर
- मध्यप्रदेश सरकार की सामान्य अवकाश सूची में दीपावली 8 नवंबर और गोवर्धन पूजा 9 नवंबर को दर्ज
- सभी मुहूर्त पंचांग गणना पर आधारित, मान्यताओं से जुड़े हैं
दिवाली की छुट्टी रविवार को, गोवर्धन पूजा का अवकाश 9 नवंबर को
राज्य सरकार ने 29 दिसंबर 2025 को वर्ष 2026 के अवकाश घोषित किए थे। सामान्य प्रशासन विभाग की सूची में दीपावली का सामान्य अवकाश 8 नवंबर रविवार को है, इसलिए इसके लिए अलग से छुट्टी नहीं मिलेगी। गोवर्धन पूजा का सामान्य अवकाश सोमवार, 9 नवंबर को रखा गया है।
पंचांग गणना में गोवर्धन पूजा 10 नवंबर को है, जबकि सरकारी छुट्टी 9 नवंबर की है। भाई दूज ऐच्छिक अवकाश की सूची में है।
ग्रीन पटाखों से 30 प्रतिशत कम प्रदूषण, डिब्बे पर QR कोड देखें
केंद्र सरकार के विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय के अनुसार CSIR-NEERI ने कम उत्सर्जन वाले ग्रीन पटाखे विकसित किए हैं, जिनसे पार्टिकुलेट मैटर करीब 30 प्रतिशत कम निकलता है।
ग्रीन पटाखों की पहचान के लिए डिब्बे पर हरा लोगो और QR कोड दिया जाता है, जिसे स्मार्टफोन से स्कैन कर जांचा जा सकता है।
सुरक्षित दिवाली के लिए
- पटाखे खरीदते समय डिब्बे पर ग्रीन लोगो और QR कोड जरूर देखें
- पटाखे खुली जगह में चलाएं, पास में पानी की बाल्टी रखें
- बच्चों को बड़ों की निगरानी में ही पटाखे चलाने दें
- दीये और मोमबत्ती पर्दों और सूखी सजावट से दूर रखें
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
दिवाली 2026 कब है?
दिवाली रविवार, 8 नवंबर 2026 को है। इसी दिन प्रदोष काल में अमावस्या रहेगी और लक्ष्मी पूजन होगा।
भोपाल में लक्ष्मी पूजन का शुभ मुहूर्त क्या है?
पंचांग गणना के अनुसार 8 नवंबर को शाम 6:03 बजे से रात 8:01 बजे तक प्रदोष काल और वृषभ लग्न का मेल है, यही सबसे शुभ समय है।
धनतेरस 2026 किस दिन है?
धनतेरस शुक्रवार, 6 नवंबर 2026 को है। भोपाल में पूजा का समय शाम करीब 6:11 से रात 8:09 बजे तक है।
गोवर्धन पूजा और भाई दूज 2026 कब हैं?
पंचांग गणना के अनुसार गोवर्धन पूजा 10 नवंबर, मंगलवार को और भाई दूज 11 नवंबर, बुधवार को है।
स्रोत पंचांग गणना (भोपाल, जनसंपर्क विभाग मध्यप्रदेश, PIB, PIB
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