घरेलु विवाद में भतीजों ने चाचा को घोंपा चाक़ू, शरीर में ही रह गया धंसा 

 

 

गढाकोटा। सागर जिले के गढ़ाकोटा में घरेलु विवाद के बाद चार दीवारी में होने वाली बातचीत न सिर्फ सड़कों पर आ गयी। बल्कि खूनी संघर्ष में भी बदल गयी। जहां भतीजों ने मिलकर अपने ही चाचा पर जानलेवा हमला कर दिया। हैरानी की बात ये है की घायल चाचा को जब अस्पताल लाया गया तो उनके शरीर में चाक़ू घुपा हुआ था और खून बह रहा था। बताया गया की गढ़ाकोटा थाना अंतर्गत भतीजों ने चाचा पर चाकू और बेसबॉल डंडों से हमला कर दिया। घटना में गंभीर रूप से घायल मनोज खटीक को पहले गढ़ाकोटा अस्पताल ले जाया गया। जहां हालत नाजुक होने पर उन्हें सागर के मकरोनिया स्थित निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। वह फिलहाल आईसीयू वार्ड में भर्ती हैं। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची थी।

 जानकारी के मुताबिक जवाहर वार्ड निवासी उमारानी खटीक ने पुलिस को दिए आवेदन में बताया की बीते 18 मई की शाम करीब 6:30 बजे उनके पति मनोज खटीक का विवाद जेठानी शिवरानी खटीक और उनके पुत्र कृष खटीक से हुआ था। जिसको लेकर गढ़ाकोटा थाने में एफआईआर की थी। साथ ही जान से मारने की धमकी दिए जाने की जानकारी दी गई थी। आरोप है की पुलिस ने घरेलू विवाद मानकर इसे गंभीरता से नहीं लिया। इसी को लेकर बीते दिन देर रात शिवरानी खटीक ने अपने बड़े बेटे सोनू खटीक, छोटे बेटे कृष खटीक और उनके दो दोस्तों विशाल पटेल और अनुज मिश्रा को घर बुलाया। जिसके बाद सभी ने मिलकर उमारानी खटीक और उनके पति पर हमला कर दिया। ये भी आरोप है की घर की महिलाओं ने बेसबॉल और चाक़ू दिए। जिससे प्राणघातक हमला किया गया।

इस विवाद में मनोज खटीक के सीने के पास चाकू मारा गया। गंभीर घायल को पहले गढ़ाकोटा अस्पताल फिर सागर रैफर किया गया। पीड़िता उमारानी का ये भी आरोप है की उन्होंने पुलिस को चार आरोपियों के नाम बताए थे, जिनमें सोनू खटीक,कृष खटीक,विशाल पटेल और अनुज मिश्रा शामिल हैं। लेकिन पुलिस ने रिपोर्ट में विशाल और अनुज मिश्रा के नाम शामिल नहीं किए।

मामले में गढ़ाकोटा थाना प्रभारी शुभम दुबे ने बताया की दो आरोपियों को हिरासत में लेकर न्यायालय में पेश किया गया। पूरे मामले की जांच की जा रही है।