रीवा में जच्चा-बच्चा की मौत पर न्याय की गुहार, पिता ने की इच्छामृत्यु की मांग

रीवा के संजय गांधी अस्पताल में जच्चा-बच्चा की मौत का मामला एक बार फिर चर्चा में है। पीड़ित पिता रामशिरोमणि मिश्रा ने अपनी बेटी और नवजात की मौत के मामले में न्याय न मिलने पर इच्छामृत्यु की मांग उठाई है। 15 दिन के आमरण अनशन के बाद मजिस्ट्रियल जांच शुरू हुई थी, लेकिन एक माह बीत जाने के बावजूद कोई ठोस परिणाम सामने नहीं आया है। अब मिश्रा कलेक्टर से जवाब मांग रहे हैं।

  • रीवा के संजय गांधी अस्पताल में बेटी कल्पना मिश्रा और उसके नवजात की मौत हुई थी।
  • पीड़ित पिता रामशिरोमणि मिश्रा ने न्याय की मांग करते हुए 15 दिन तक आमरण अनशन किया।
  • मजिस्ट्रियल जांच की शुरुआत हुई थी, जिसकी एक माह की समय-सीमा थी।
  • समय-सीमा समाप्त होने पर भी न जांच का निष्कर्ष आया और न ही कोई कार्रवाई हुई।
  • मिश्रा अब कलेक्टर से मिलने और उनकी बेटी की मौत के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

जिला प्रशासन को चाहिए कि वह जांच की प्रगति और आगे की कार्रवाई पर स्पष्ट जवाब दे।

इस मामले ने प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। रामशिरोमणि मिश्रा का कहना है कि अगर जल्द ही उचित कार्रवाई नहीं हुई, तो उनकी मांग और भी तीव्र हो सकती है। अब यह जिला प्रशासन की जिम्मेदारी है कि वह इस मामले में त्वरित और न्यायसंगत कार्रवाई सुनिश्चित करे।