आमला। नगर में खुलेआम खाद्य सुरक्षा नियमों की अनदेखी करते हुए “लहर पान मसाला” जैसे उत्पाद बिना आवश्यक जानकारी के बेचे जा रहे हैं। बाजार में बिक रहे इन पाउच पर न तो निर्माण तिथि (Manufacturing Date), न समाप्ति तिथि (Expiry/Use By), न बैच नंबर, और न ही निर्माता/कंपनी का नाम स्पष्ट रूप से अंकित है, जिससे उपभोक्ताओं की सेहत के साथ गंभीर खिलवाड़ हो रहा है।

खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुसार, किसी भी प्री-पैकेज्ड खाद्य उत्पाद पर उसकी पहचान और ट्रेसिंग से जुड़ी बुनियादी जानकारी देना अनिवार्य होता है। Food Safety and Standards Authority of India (FSSAI) के Labelling and Display Regulations, 2020 के तहत पैकेट पर बैच/लॉट नंबर, निर्माण या पैकेजिंग तिथि, Expiry/Use By, और संबंधित ब्रांड/निर्माता की जानकारी देना जरूरी है। FSSAI के नवीनतम संकलित प्रावधानों में भी ये अनिवार्य घोषणाएँ स्पष्ट रूप से दर्ज हैं। �

इसके बावजूद आमला के बाजारों में ऐसे पान मसाला पाउच धड़ल्ले से बेचे जा रहे हैं, जिन पर जरूरी लेबलिंग नहीं है। ऐसे उत्पादों की बिक्री न केवल कानूनी प्रावधानों का उल्लंघन है, बल्कि यह उपभोक्ताओं को अज्ञात और संभावित रूप से असुरक्षित खाद्य सामग्री खरीदने के लिए मजबूर करती है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि जब पैकेट पर न कंपनी का नाम है, न निर्माण और समाप्ति तिथि, तो यह समझना मुश्किल हो जाता है कि उत्पाद कब बना, कब तक उपयोग योग्य है, और उसकी गुणवत्ता क्या है। ऐसे में बच्चों और युवाओं में बिक रहे इन उत्पादों को लेकर चिंता और बढ़ गई है।

नागरिकों ने प्रशासन, खाद्य सुरक्षा विभाग और संबंधित अधिकारियों से मांग की है कि नगर में बिक रहे ऐसे बिना लेबलिंग वाले पान मसाला उत्पादों की तत्काल जांच कराई जाए। साथ ही, संबंधित दुकानदारों और आपूर्ति करने वाली कंपनियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि आम जनता की सेहत से खिलवाड़ रोका जा सके।