केसली: अतिक्रमण से प्रभावित गांवों का आवागमन बाधित, प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग
केसली तहसील के सहजपुर वृत्त में आने वाले आधा दर्जन से अधिक गांवों के निवासियों ने आवागमन की गंभीर समस्या को लेकर तहसीलदार केसली और जनपद सीईओ को ज्ञापन सौंपा है। ग्रामीणों का आरोप है कि मदनी-कुंडा रोड से अमोदा को जोड़ने वाले 2 किलोमीटर लंबे कच्चे रास्ते पर कुछ दबंगों ने अवैध अतिक्रमण कर लिया है, जिससे संपर्क मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया है।
15 किमी का चक्कर काटने को मजबूर ग्रामीण
ग्राम कुण्डा, मुहली, मदनी, किरकोटा, बघवारा और कछवा सहित आसपास के सभी गांवों का विकासखंड एवं तहसील मुख्यालय केसली है। ग्रामीणों को अपने दैनिक कार्यों, सरकारी कामकाज और आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं के लिए केसली आना पड़ता है। अमोदा को जोड़ने वाला यह 2 किलोमीटर का कच्चा रास्ता इन गांवों के लिए सबसे सीधा और सुगम मार्ग था। अब अतिक्रमण के कारण यह रास्ता पूरी तरह बंद हो गया है, जिससे ग्रामीणों को 12 से 15 किलोमीटर का लंबा चक्कर लगाकर अपने गंतव्य तक पहुंचना पड़ रहा है।
अतिक्रमण नहीं हटने पर आंदोलन की चेतावनी
ग्रामीणों ने प्रशासनिक सुस्ती पर नाराजगी जताते हुए मांग की है कि रास्ते से तुरंत अतिक्रमण हटाया जाए और इसे आवागमन के लिए सुचारू बनाया जाए। इसके अतिरिक्त, गांव के अन्य सार्वजनिक स्थलों पर हुए अवैध कब्जों को भी चिह्नित कर हटाने का आग्रह किया गया है।
ग्रामीणों का कहना है, "यदि 30 जुलाई तक प्रशासन द्वारा नियमानुसार कार्रवाई करते हुए रास्ता मुक्त नहीं कराया गया, तो सभी प्रभावित ग्रामों के निवासी लामबंद होकर उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।"
ज्ञापन सौंपने के दौरान धर्मेंद्र सिंह राजपूत भारतीय किसान यूनियन जिला अध्यक्ष सागर, रमाकांत लोधी, कल्याण सिंह राजपूत, गोलू सिंह राजपूत, किशन लोधी अमोदा, गणेश लोधी अमोदा, दशरथ सिंह ठाकुर कुंडा, मेघराज आदिवासी, बसंत आदिवासी, बाला आदिवासी, पुरुषोत्तम आदिवासी, द्वारका आदिवासी, दामोदर आदिवासी, लालजी आदिवासी ,लखन आदिवासी, रामदीन आदिवासी साथ ही सहजपुर वृत्त के विभिन्न गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। अब देखना यह है कि प्रशासन दी गई समयावधि में क्या ठोस कदम उठाता है।
Continue With Google
Comments (0)