मझौली: कलेक्टर राघवेंद्र सिंह और जिला पंचायत के सीईओ अभिषेक गहलोत ने मझौली में स्व-सहायता समूह की महिलाओं द्वारा विकसित किए गए 'एक बगिया मां के नाम' बगीचे का अवलोकन किया। यह बगीचा न केवल अपनी खूबसूरती के लिए चर्चा में है, बल्कि यह महिलाओं के लिए आर्थिक समृद्धि का नया द्वार भी खोल रहा है।

इस बगीचे में ग्राफ्टेड आम के अलावा अन्य फलदार पौधे भी लगाए गए हैं। इन पौधों से भविष्य में महिलाओं के लिए अतिरिक्त आय का सशक्त स्रोत उत्पन्न होगा। इस परियोजना का उद्देश्य महिलाओं की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करना है, जिससे ग्रामीण विकास को नई दिशा मिलेगी और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा।

कलेक्टर सिंह ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि, "यह परियोजना न केवल महिलाओं के सशक्तिकरण का उदाहरण है, बल्कि यह ग्रामीण क्षेत्र में आर्थिक विकास को भी प्रोत्साहित करती है।"

सीईओ अभिषेक गहलोत ने कहा, "यह बगीचा महिलाओं के आत्मनिर्भर बनने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो दीर्घकालिक रूप से उनकी आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करेगा।"

इस योजना के अंतर्गत, महिलाएं न केवल आर्थिक रूप से स्वतंत्र होंगी, बल्कि यह पहल पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान देगी। इस तरह की योजनाएं अन्य ग्रामीण क्षेत्रों के लिए भी प्रेरणा स्रोत बन सकती हैं।