सागर के सहजपुर गांव के युवक पर अवैध शराब के झूठे आरोप, ग्रामीणों ने की निष्पक्ष जांच की मांग

सागर जिले के केसली थाना क्षेत्र के अंतर्गत सहजपुर गांव के निवासियों ने पुलिस अधीक्षक (एसपी) को एक शिकायती आवेदन सौंपा है। ग्रामीणों का आरोप है कि उनके गांव के एक युवक, सचिंद्र पांडे, को अवैध शराब के झूठे मामले में फंसाया गया है। इस घटना को ग्रामीणों ने राजनीतिक रंजिश और शराब ठेकेदार की साजिश करार दिया है। उन्होंने निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।

  • मारपीट कर जबरन नाम बुलवाने का आरोप: ग्रामीणों के अनुसार, पुलिस द्वारा पकड़े गए व्यक्ति को वास्तव में शराब ठेकेदार के आदमियों ने पकड़ा था और मारपीट कर उससे सचिंद्र पांडे का नाम बुलवाया गया।
  • कॉल डिटेल और लोकेशन की जांच की मांग: ग्रामीणों ने सचिंद्र पांडे और पकड़े गए व्यक्ति के मोबाइल की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) और लोकेशन की जांच की मांग की है, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि उनके बीच कोई संपर्क नहीं था।
  • सीसीटीवी और स्वतंत्र गवाहों का अभाव: प्रार्थी के खिलाफ कोई तकनीकी साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज या स्वतंत्र गवाह मौजूद नहीं है।
  • थाने के सीसीटीवी और रोजनामचे की जांच: ग्रामीणों ने थाने के रोजनामचे और सीसीटीवी फुटेज की भी जांच की मांग की है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि शराब ठेकेदार के आदमी कब उस व्यक्ति को थाने लाए थे।

कड़ी कार्रवाई की चेतावनी और न्याय की गुहार

ग्रामीणों ने एसपी से मांग की है कि इस पूरे प्रकरण की पारदर्शी और उच्चस्तरीय जांच कराई जाए। उन्होंने कहा है कि अगर जांच में प्रार्थी दोषी पाया जाता है तो उसे कड़ा दंड दिया जाए। अन्यथा, झूठे मामले में फंसाने वाले और इस षड्यंत्र में संलिप्त लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। इस दौरान सुनील जैन पूर्व विधायक, अनिरुद्ध सिंह अध्यक्ष अधिवक्ता संघ केसली, दिनकर तिवारी, राजेश पांडे, सुधीर दुबे, अमन दुबे सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे।

यह मामला अब जांच के दायरे में है, और निष्पक्ष जांच के बाद ही सच सामने आ सकेगा। ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें न्याय की उम्मीद है और वे उम्मीद करते हैं कि दोषियों को उचित सजा मिलेगी।