पांढुर्ना में एक विशेष समुदाय से जुड़े एक 17साल के नाबालिक द्वारा अश्लील वीडियो वायरल करने का लेकर हिंदू संगठन ने कलेक्टर का किया घेराव 

 

पांढुर्णा में एक समुदाय से जुड़े एक 17 साल के नाबालिक द्वारा अश्लील वीडियो वायरल करने के मामले में दर्ज एक प्रकरण को लेकर सोमवार को माहौल गर्मा गया है। 

 

इस मामले में पांढुर्णा पुलिस द्वारा कार्रवाई से नाराज़ सनातनी संगठनों और स्थानीय लोगों ने सोमवार को शहर में पैदल रैली निकालकर अपना विरोध जताया। रैली कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंची। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और मामले में निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की। जहां सभी ने कलेक्टर के नाम संयुक्त कलेक्टर नेहा सोनी ओर तहसीलदार विनय प्रकाश ठाकुर को ज्ञापन सौंपा।

 

कमलेश राठौर का आरोप है कि इस प्रकरण में पांढुर्णा पुलिस ने गंभीर धाराओं के बजाय सामान्य (नॉर्मल) धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। उनका कहना है कि इस गंभीर मामले में पांढुर्णा पुलिस ने जांच ओर कार्रवाई करने तीन दिन लगाए। जिससे इस मुद्दे से जुड़े लोगों से नहीं पकड़ा गया है।

 

 सोमेश्वर लोनकर ने बताया कि यदि जल्द ही धाराओं में संशोधन कर सख्त कार्रवाई नहीं की गई, तो दो दिन बाद पांढुर्णा बंद ओर आंदोलन की चेतावनी दी है। 

 

 

रैली शहर के प्रमुख मार्गों से होकर निकली, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा, लेकिन नारों और ज्ञापन के माध्यम से प्रशासन को कड़ा संदेश देने की कोशिश की गई। बाद में प्रतिनिधिमंडल ने अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर मामले की पुनः समीक्षा की मांग की।

 

प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो जल्द ही पांढुर्णा बंद का आह्वान किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।

थाना प्रभारी अजय मरकाम का कहना है कि पूरे तथ्य के साथ केस दर्ज किया गया है। और जांच जारी है। पुलिस ने भरोसा दिलाया कि यदि जांच में अतिरिक्त तथ्य सामने आते हैं, तो नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।