आलोट। इमाम हुसैन की शहादत की याद में मनाए जाने वाले चालीसवाँ पर्व पर बरखेड़ा कलां में शनिवार को श्रद्धा, आस्था और भाईचारे का अद्भुत संगम देखने को मिला। तीन दिनों तक चले धार्मिक आयोजन के तहत निकले भव्य ताजिया जुलूस में बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए। देर रात तक गांव की गलियां मातमी नगमों, ढोल-ताशों और "या हुसैन" की सदाओं से गूंजती रहीं।

31 जुलाई को शाम 4 बजे से प्रारंभ हुआ ताजिया जुलूस देर रात 2 बजे तक निकाला गया। वहीं 1 अगस्त को महाराष्ट्र के अमलनेर से आए प्रसिद्ध हबीब ब्रास बैंड की मनमोहक प्रस्तुतियों के साथ सुबह से देर रात तक धार्मिक जुलूस का आयोजन हुआ। पूरे कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं में उत्साह और अनुशासन का वातावरण बना रहा।

जुलूस के दौरान बरखेड़ा ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष बापूसिंह गुर्जर, बगदीराम यादव, गोपाल रंगीला, उपसरपंच विजय हंस, ओमप्रकाश परमार, पारस वर्मा, दिलीप वर्मा एवं फारूक पठान सहित अनेक जनप्रतिनिधियों और समाजजनों ने हुसैनी कमेटी का स्वागत कर आपसी सौहार्द और भाईचारे का संदेश दिया।

धार्मिक आयोजन को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने में बरखेड़ा कलां थाना प्रभारी पातीराम डावरे की भूमिका विशेष रूप से सराहनीय रही। उनके नेतृत्व में पुलिस टीम पूरे आयोजन के दौरान लगातार सक्रिय और मुस्तैद रही। जुलूस मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था, यातायात नियंत्रण तथा भीड़ प्रबंधन की प्रभावी निगरानी के चलते हजारों लोगों की मौजूदगी के बावजूद पूरा आयोजन पूरी तरह शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। स्थानीय नागरिकों एवं आयोजन समिति ने भी पुलिस की सतर्कता और थाना प्रभारी डावरे के कुशल नेतृत्व की प्रशंसा की।